ऐ ज़िन्दगी तेर��

ऐ ज़िन्दगी तेरी किताब के फ़लसफ़े समझ नहीं आते किसको संभलो किसको फाड् दू क्यों कोई कोरे रह गए पन्ने समझ नहीं आते अब तेरे शगूफे समझ नहीं आते

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